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Tuesday, September 15, 2026
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संगरूर की कमान संभाल रही हैं IPS डॉ. ग्रेवाल

प्रकाशित: 9 Aug 2026, 10:52 AMअपडेट: 9 Aug 2026, 10:52 AMपढ़ने का समय: 5 मिनट
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जनवरी में PHQ विजिलेंस में जिम्मेदारी, मई में मुख्यमंत्री के गृह जिले की पुलिस कमान; पोस्टिंग को लेकर प्रशासनिक हलकों में चर्चा

संगरूर। पंजाब कैडर की वरिष्ठ IPS अधिकारी डॉ. रवजोत कौर ग्रेवाल इन दिनों संगरूर जिले की पुलिस कमान संभाल रही हैं। सांध्यदीप को मिली जानकारी के अनुसार डॉ. ग्रेवाल वर्तमान में SSP संगरूर के पद पर कार्यरत हैं। मई 2026 में पंजाब सरकार द्वारा किए गए पुलिस अधिकारियों के फेरबदल में उन्हें संगरूर की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।

डॉ. ग्रेवाल की यह पोस्टिंग इसलिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि जनवरी 2026 में उन्हें पंजाब पुलिस मुख्यालय से जुड़े विजिलेंस ब्यूरो के प्रशासनिक पद पर जिम्मेदारी दी गई थी और कुछ ही महीनों बाद मई में उन्हें एक महत्वपूर्ण जिले की फील्ड कमान सौंप दी गई। खास बात यह है कि संगरूर मुख्यमंत्री भगवंत मान का गृह जिला है।

जनवरी में विजिलेंस, मई में फील्ड पोस्टिंग

पंजाब सरकार के मई 2026 के आधिकारिक आदेश के अनुसार डॉ. रवजोत ग्रेवाल इससे पहले Joint Director (Administration), Vigilance Bureau, Punjab के पद पर कार्यरत थीं। सरकार ने 5 मई 2026 के फेरबदल में उन्हें इस जिम्मेदारी से हटाकर SSP Sangrur नियुक्त किया।

यह बदलाव प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। विजिलेंस जैसे विभाग में प्रशासनिक जिम्मेदारी संभालने के बाद किसी अधिकारी को सीधे जिले की पुलिस कमान सौंपना यह दर्शाता है कि सरकार ने उन्हें एक बार फिर प्रत्यक्ष पुलिसिंग की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी है।

मुख्यमंत्री के गृह जिले की कमान

डॉ. ग्रेवाल की संगरूर पोस्टिंग का सबसे महत्वपूर्ण पहलू जिले की राजनीतिक संवेदनशीलता है। संगरूर मुख्यमंत्री भगवंत मान का गृह जिला है और पंजाब की राजनीति में इसका अपना अलग महत्व है।

ऐसे में जिले के SSP की भूमिका केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं रहती। राजनीतिक कार्यक्रमों, आंदोलनों, अपराध नियंत्रण, नशे के खिलाफ कार्रवाई, संवेदनशील मामलों और विभिन्न राजनीतिक दलों के कार्यक्रमों के दौरान पुलिस की भूमिका पर लगातार नजर रहती है।

यही कारण है कि डॉ. ग्रेवाल को संगरूर की कमान दिए जाने को प्रशासनिक हलकों में सामान्य तबादले से अलग नजरिए से देखा जा रहा है।

पोस्टिंग का संदेश क्या है?

सरकार के आधिकारिक आदेश में इस फेरबदल को प्रशासनिक आधार पर किया गया बदलाव बताया गया है। इसलिए यह कहना उचित नहीं होगा कि डॉ. ग्रेवाल की पोस्टिंग किसी राजनीतिक कारण से की गई।

लेकिन सवाल यह जरूर है कि सरकार ने कई अधिकारियों के बीच डॉ. ग्रेवाल को ही मुख्यमंत्री के गृह जिले संगरूर की कमान देने का निर्णय क्यों लिया?

क्या सरकार उनके प्रशासनिक अनुभव को संगरूर के लिए उपयोगी मान रही थी? क्या कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार ने नई रणनीति बनाई है? या फिर यह सामान्य प्रशासनिक फेरबदल का हिस्सा था?

इन सवालों के जवाब आने वाले समय में उनकी कार्यशैली और जिले में पुलिसिंग के परिणामों से ही सामने आएंगे।

संगरूर पहुंचते ही शुरू की पुलिसिंग की समीक्षा

SSP का कार्यभार संभालने के बाद डॉ. रवजोत ग्रेवाल ने जिले की पुलिस व्यवस्था को लेकर सक्रियता दिखाई। मई में उन्होंने पुलिस अधिकारियों, थाना प्रभारियों और विभिन्न पुलिस विंग के अधिकारियों के साथ अपराध समीक्षा बैठक की।

बैठकों में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, आम जनता की शिकायतों का निस्तारण तथा नशे के खिलाफ कार्रवाई जैसे मुद्दों पर जोर दिया गया।

इससे संकेत मिलता है कि नई SSP ने जिले की पुलिसिंग को लेकर शुरुआती दौर में ही अधिकारियों को स्पष्ट प्राथमिकताएं बतानी शुरू कर दी थीं।

संवेदनशील मामलों में भी सामने आई भूमिका

संगरूर में उनकी नियुक्ति के बाद जिले में कई संवेदनशील घटनाएं सामने आईं। इनमें राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मामलों के साथ-साथ कानून-व्यवस्था और आपराधिक गतिविधियों से जुड़े मामले भी शामिल रहे।

जुलाई में संगरूर स्थित BJP कार्यालय पर पेट्रोल बम हमले के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस की जांच में विदेशी हैंडलर से संपर्क और पैसे उपलब्ध कराए जाने की बात सामने आने का दावा किया गया। इस मामले में SSP डॉ. रवजोत ग्रेवाल ने पुलिस जांच से जुड़ी जानकारी भी सार्वजनिक की।

ऐसे मामलों में जिला पुलिस की कार्यप्रणाली और SSP की निगरानी सीधे तौर पर महत्वपूर्ण हो जाती है।

अब नजर पुलिसिंग के परिणाम पर

डॉ. रवजोत ग्रेवाल के सामने संगरूर में कई बड़ी चुनौतियां हैं। नशे के खिलाफ कार्रवाई, अपराध पर नियंत्रण, राजनीतिक गतिविधियों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना, संवेदनशील मामलों की जांच और आम लोगों का पुलिस पर भरोसा बढ़ाना उनके कार्यकाल की प्रमुख कसौटियां रहेंगी।

खासकर मुख्यमंत्री के गृह जिले में SSP की कार्यशैली पर स्वाभाविक रूप से राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर नजर रहती है।

सांध्यदीप को मिली जानकारी के अनुसार अगस्त 2026 तक डॉ. रवजोत कौर ग्रेवाल संगरूर की SSP के रूप में जिले की पुलिस कमान संभाल रही हैं। जनवरी में विजिलेंस से जुड़ी जिम्मेदारी और मई में संगरूर की फील्ड पोस्टिंग के बीच का यह बदलाव पंजाब पुलिस के प्रशासनिक फेरबदल में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

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