काठमांडू। नेपाल-चीन सीमा के पास आई विनाशकारी बाढ़ और भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। आपदा के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर कम से कम 682 हो गई है, जबकि करीब 3,000 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं।
रिपोर्टों के अनुसार, नेपाल में मृतकों की संख्या बढ़कर 675 तक पहुंच गई है, जबकि तिब्बत में सात लोगों की मौत की सूचना है। नेपाल में 2,426 लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है। वहीं, चीन के अधिकारियों ने तिब्बत क्षेत्र में 550 से अधिक लोगों के लापता होने की सूचना दी है।
खराब मौसम और दुर्गम पहाड़ी इलाकों के कारण राहत एवं बचाव अभियान बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई इलाकों में सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त होने से बचाव दलों को प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है कि आपदा की शुरुआत तेज पानी और मलबे के बहाव से हुई, जिसने सीमा क्षेत्र के कई इलाकों में भारी नुकसान पहुंचाया। राहत एजेंसियां लापता लोगों की तलाश और प्रभावित लोगों तक सहायता पहुंचाने में जुटी हैं।
अधिकारियों ने आशंका जताई है कि बचाव अभियान आगे बढ़ने के साथ मृतकों और लापता लोगों के आंकड़े में बदलाव हो सकता है।








