वैलेटा। माल्टा की एक जूरी ने खोजी पत्रकार डैफ्ने कारुआना गालिजिया की 2017 में कार बम विस्फोट में हुई हत्या के मामले में कारोबारी यॉर्गेन फेनेच को सभी आरोपों से बरी कर दिया है। 44 वर्षीय फेनेच पर पत्रकार की हत्या की साजिश में शामिल होने और हत्या के लिए आपराधिक संगठन का हिस्सा होने के आरोप लगे थे। दोषी पाए जाने पर उन्हें उम्रकैद तक की सजा हो सकती थी।
डैफ्ने कारुआना गालिजिया की 16 अक्टूबर 2017 को उनके घर के पास कार में लगाए गए बम के विस्फोट में मौत हुई थी। वह माल्टा में राजनीतिक और कारोबारी क्षेत्र में कथित भ्रष्टाचार तथा प्रभावशाली लोगों के संबंधों पर खोजी रिपोर्टिंग के लिए जानी जाती थीं। उनकी हत्या ने माल्टा में व्यापक विरोध और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता पैदा की थी।
अभियोजन पक्ष ने फेनेच को हत्या का कथित मास्टरमाइंड बताया था और आरोप लगाया था कि उन्होंने हत्या का आदेश दिया तथा इसके लिए भुगतान किया। फेनेच ने आरोपों से इनकार किया। बुधवार को जूरी ने दोनों आरोपों में उन्हें दोषी नहीं माना।
इस मामले में अन्य आरोपियों को पहले सजा मिल चुकी है। 2022 में जॉर्ज और अल्फ्रेड देजॉर्जियो ने हत्या में अपनी भूमिका स्वीकार की थी और दोनों को 40-40 साल की सजा मिली। 2025 में बम उपलब्ध कराने के मामले में रॉबर्ट एगियस और जेमी वेला को उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी।
2021 में हुई स्वतंत्र सार्वजनिक जांच में कहा गया था कि माल्टा के राज्य ने ऐसा माहौल बनने दिया, जिसमें हत्या को अंजाम देने वालों को दंड से बचने का भरोसा था। फेनेच के बरी होने के बाद पत्रकार के परिवार ने फैसले पर निराशा जताते हुए कहा कि उनकी हत्या के पीछे मौजूद संस्थागत विफलताओं को अभी दूर किया जाना बाकी है।








