मस्कट/वॉशिंगटन, 17 सितंबर (रॉयटर्स) — अमेरिकी अधिकारियों ने सप्ताहांत में ओमान की राजधानी मस्कट में यमन के हूती प्रतिनिधियों से मुलाकात की। रॉयटर्स ने इस मामले से परिचित पांच सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी है। बैठक सार्वजनिक रूप से घोषित नहीं की गई थी और अमेरिकी अधिकारियों तथा हूती प्रतिनिधियों के बीच संपर्क ऐसे समय हुआ है, जब यमन में संघर्ष फिर तेज हो गया है।
रॉयटर्स के अनुसार, बैठक अमेरिकी दूतावास में हुई और ओमान सरकार ने इसे आयोजित कराने में मदद की। अमेरिकी पक्ष का प्रतिनिधित्व दूतावास के अधिकारियों ने किया। सूत्रों के मुताबिक, हूती प्रतिनिधिमंडल में वरिष्ठ अधिकारी मोहम्मद अब्दुलसलाम और अब्देलमलिक अल-अजरी शामिल थे।
बैठक में हूती प्रतिनिधियों ने अमेरिकी अधिकारियों से कहा कि उनका अमेरिकी जहाजों पर हमला करने का इरादा नहीं है और वे 2025 में अमेरिका के साथ हुए युद्धविराम के प्रति प्रतिबद्ध हैं। एक यमनी सूत्र के अनुसार, हूतियों ने यह भी कहा कि वे इजरायली जहाजों या वाणिज्यिक जहाजों को निशाना नहीं बनाएंगे, हालांकि सऊदी अरब से जुड़े जहाजों को लेकर स्थिति अलग बताई गई।
अमेरिकी विदेश विभाग ने बैठक के बारे में सीधे तौर पर पुष्टि या खंडन नहीं किया। विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि लाल सागर में नौवहन की स्वतंत्रता की रक्षा करना और क्षेत्र से आतंकवाद के प्रसार को रोकना अमेरिका के प्रमुख हितों में शामिल है। ओमान के दूतावास और हूती अधिकारी मोहम्मद अब्दुलसलाम ने भी इस रिपोर्ट पर तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की।
यह संपर्क ऐसे समय सामने आया है जब हूतियों ने यमन के लाल सागर तट के बड़े हिस्से पर नियंत्रण मजबूत किया है। रॉयटर्स के अनुसार, हालिया संघर्ष में हूतियों ने मोचा बंदरगाह और बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य में पेरिम द्वीप पर भी कब्जा किया है। इस घटनाक्रम से लाल सागर में समुद्री यातायात और क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं।



